मित्राला मेजवानी
| लेखक : | माहदोख्त कशकौली |
|---|---|
| अनुवादक : | मिलिंद परांजपे |
| चित्रकार : | समिरा अलिखानजादेह |
| पाने : | 24 |
| आवृत्ती : | पहिली आवृत्ती 2007 |
| पुनर्मुद्रण : | सहावे पुनर्मुद्रण 2026 |
| ISBN: | 978-81-7925-165-2 |
₹100.00
About the book
वयोगट ८ +
घुबड आपल्या मित्राला – गरुडाला जेवायला बोलावते. मग काय गम्मत घडते आणि गरुडाला शेवटी कशाची मेजवानी मिळते?…









